हरिद्वार (गौरव कुमार) चंडी देवी मंदिर रोपवे के पास मिले अज्ञात महिला के शव की गुत्थी को हरिद्वार पुलिस ने 25 दिन की अथक मेहनत और तकनीकी जांच के बाद सुलझा लिया। हत्या के इस ब्लाइंड केस में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एसएसपी नवनीत सिंह ने पुलिस अधीक्षक नगर कार्यालय में पत्रकार वार्ता में बताया कि मृतका की पहचान उत्तर प्रदेश के बांदा जिले की रहने वाली कौशल्या के रूप में हुई है, जिसकी गला घोंटकर हत्या की गई थी।
10 मई को श्यामपुर थाना क्षेत्र में चंडी देवी पैदल मार्ग के निकट झाड़ियों में महिला का सड़ा-गला शव मिला था। शव की हालत इतनी खराब थी कि पहचान करना लगभग नामुमकिन था। पुलिस ने घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, हाथों पर बने टैटू, 600 घंटे की सीसीटीवी फुटेज, लाखों मोबाइल नंबरों और एसआईआर डाटा का गहन विश्लेषण कर जांच को आगे बढ़ाया।
जांच के दौरान 8 मई की फुटेज में तीन पुरुषों के साथ एक महिला चंडी देवी की ओर जाती दिखाई दी, लेकिन लौटते समय महिला उनके साथ नहीं थी। यही सुराग पूरे मामले का टर्निंग प्वाइंट साबित हुआ। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस बांदा पहुंची और राकेश, रामप्रकाश उर्फ गोविंदा तथा छेदीलाल को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि रामप्रकाश के मृतका से प्रेम संबंध थे। मृतका लगातार उस पर शादी का दबाव बना रही थी। इससे छुटकारा पाने के लिए उसने अपने भाई और जीजा के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। तीनों आरोपी महिला को चंडी देवी दर्शन के बहाने हरिद्वार लाए और सुनसान स्थान पर गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। पहचान छिपाने की साजिश भी पुलिस की सूक्ष्म जांच के आगे नाकाम साबित हुई।
