हरिद्वार(प्रवीण कुमार) टिहरी गढ़वाल में दलित युवक की हत्या के मामले को लेकर प्रदेश की राजनीति गर्म हो गई। हरिद्वार में कांग्रेस द्वारा किए गए धरना-प्रदर्शन के बीच सामाजिक कार्यकर्ता राजबीर सिंह कटारिया ने फेसबुक पेज पर लाइव आकर कांग्रेस के दोहरे रवैये पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि एक ओर पार्टी के नेता हरिद्वार में धरना देकर न्याय की मांग कर रहे हैं, वहीं जिस क्षेत्र में घटना हुई, वहां के कांग्रेस विधायक विक्रम नेगी पीड़ित परिवार से मिलने तक नहीं पहुंचे।
राजबीर सिंह कटारिया ने कहा कि उनका किसी राजनीतिक दल से कोई संबंध नहीं है और उनका उद्देश्य केवल समाज के हित और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग उठाना है। उन्होंने कहा कि जाति और राजनीति से ऊपर उठकर समाज को ऐसी घटनाओं के खिलाफ एकजुट होना चाहिए तथा जनप्रतिनिधियों को भी संवेदनशीलता दिखाते हुए पीड़ित परिवारों के साथ खड़ा होना चाहिए।
उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि किसी भी राजनीतिक दल से ऊपर समाज और मानवता होती है। किसी पीड़ित परिवार के दुख में शामिल होना हर जनप्रतिनिधि की जिम्मेदारी है। यदि कांग्रेस खुद को दलितों और कमजोर वर्गों की हितैषी बताती है तो उसे यह स्पष्ट करना चाहिए कि उसके स्थानीय जनप्रतिनिधि ने पीड़ित परिवार के प्रति क्या कदम उठाए।
उन्होंने कहा कि धरना-प्रदर्शन करना लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन केवल राजनीतिक संदेश देने के बजाय पीड़ित परिवार की सहायता और सांत्वना को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
इस दौरान प्रशासन की कार्रवाई की भी सराहना की गई। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन, पुलिस अधिकारियों और संबंधित अधिकारियों ने मामले में गंभीरता दिखाई है। पुलिस अब तक चार आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है तथा अन्य संभावित आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई जारी है।
उन्होंने मांग की कि इस घटना में शामिल कोई भी दोषी बचना नहीं चाहिए। जांच में जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाए, उसके खिलाफ कानून के अनुसार कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।
“समाज सबसे ऊपर, राजनीति बाद में” राजबीर कटारिया का कांग्रेस नेताओं की संवेदनशीलता पर सवाल
