हरिद्वार (प्रवीण कुमार) वन प्रभाग हरिद्वार की श्यामपुर रेंज एक बार फिर विवादों के केंद्र में है। प्रथम श्रेणी के दो वन्यजीवों में एक वयस्क और उसके शावक के शव मिलने से वन विभाग में हड़कंप मच गया है। आरोप है कि वन्यजीव तस्कर मृत जानवरों के पंजे काटकर फरार हो गए, जिससे सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
वन्यजीवों की सुरक्षा की जिम्मेदारी जहां वन आरक्षियों और वन दरोगाओं की होती है, वहीं पूरे क्षेत्र की जवाबदेही रेंज अधिकारी पर मानी जाती है। ऐसे में लगातार सामने आ रही घटनाओं ने विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आरोप लगे हैं कि वर्तमान रेंजर का नाम पहले भी रुड़की रेंज में कई विवादित मामलों से जुड़ चुका है, जिनमें नीलगाय की संदिग्ध मौत, बिना अनुमति वेनम सेंटर संचालन और अजगर की हत्या जैसे मामले शामिल हैं।
स्थानीय लोगों और वन्यजीव प्रेमियों का कहना है कि जिन क्षेत्रों में संरक्षण की जिम्मेदारी है, वहीं बार-बार शिकार और तस्करी की घटनाएं सामने आना गंभीर चिंता का विषय है।
वन मंत्री Subodh Uniyal ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में है और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर जल्द कार्रवाई की जाएगी। वहीं वन्यजीव प्रमुख Ranjan Mishra ने बताया कि जांच तेजी से चल रही है और एक आरोपी को हिरासत में लिया गया है।
कंजरवेटर Rajeev Dhiman ने बताया कि दोनों शावकों के शव बरामद हो चुके हैं और उनकी मां की तलाश में सर्च अभियान जारी है।
घटना के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि क्या इस बार जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई होगी या मामला फिर जांच तक सीमित रह जाएगा।
